गया(हरि किशोर कुमार)।

एक नाबालिग को लूट का आरोपी साबित करने के लिए पुलिस ने वह सब कुछ किया,जिसे सुनकर हर किसी का खून खौल उठेगा।मामला है बिहार के गया जिल अंतर्गत डोभी थाना क्षेत्र का।सुभाष को छोटू साबित करने के लिए पुलिस ने न केवल उस पर बेरहमी के साथ रॉड बरसाए, बल्कि राइफल के कुंदे से भी जमकर पीटा।गंभीर रुप से जख्मी युवक को मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है।हद तो यह है कि,पुलिस अपना चेहरा दागदार होने से बचाने के लिए उसके परिजनों को मेडिकल कॉलेज पहुंचकर धमका रही है।जबकि युवक की स्थिति नाजुक बनी हुई है।सुभाष के साथ-साथ कई अन्य निर्दोषों की भी पिटाई करने वाली पुलिस आखिर साबित क्या करना चाहती है,यह सवाल उठ रहे हैं।दरअसल,इसी हफ्ते डोभी थाना क्षेत्र अंतर्गत मनी पुल के समीप एक कबाड़ी कारोबारी से नौ लाख रुपये लूट लिए गए थे।पुलिसिया कार्रवाई के दौरान लूट के मामले में किसी छोटू नामक अपराधी का नाम सामने आया।लेकिन आश्चर्य का विषय यह है कि,पुलिस ने सुभाष को पकड़ लिया।पुलिस सुभाष उर्फ अयंश को कहने लगी कि,तुम ही छोटू हो,यह स्वीकारो।सुभाष के द्वारा यह स्वीकारने से इंकार करते ही पुलिस उस पर टूट पड़ी।राॅड से तो उसे पीटा ही, बेरहमी के साथ उस पर राइफल के कुंदे और केहुने भी बरसाए।सुभाष की स्थिति जब गंभीर हो गई,तब पुलिस ने उसे छोड़ दिया।बाद में परिजन सुभाष को गंभीर हालत में लेकर मगध मेडिकल कॉलेज अस्पताल पहुंचे।

सुभाष के पिता सुरेंद्र पासवान का कहना है कि,पुलिस के सामने उनका बेटा सुभाष गिड़गिड़ाते हुए कहता रहा कि,वह छोटू नहीं है।बावजूद इसके पुलिस उसे पीठ पर राइफल के कुंदे और राॅड वार करती रही।चार-चार बार सुभाष को जंगल में ले जाकर उससे पूछा गया।सुभाष के आंख में भी चोट लगी है लेकिन नाबालिग सुभाष के साथ अन्याय करने से पुलिस बाज नहीं आयी।सुभाष के पिता का यह भी कहना है कि,छोटू उसके दूसरे बेटा का नाम है।लेकिन वह भी किसी भी तरह के मामले में शामिल नहीं है।हालांकि एसएसपी हरप्रीत कौर का कहना है कि,इस तरह का मामला उनके संज्ञान में आया है।मामले की जांच कर समुचित कार्रवाई जरुर की जाएगी।जांच के आदेश दिए गए हैं।