एसडीएफ न्यूज ब्यूरो
पटना/खगड़िया।सुल्तानगंज -अगुवानी पुल का एक हिस्सा का गिरना कोशी क्षेत्र के लाखों लोगों का सपना टूटने के समान है।यह पुल कोशी क्षेत्र के लोगों के लिए वरदान साबित होता,लेकिन विभाग के वरीय पदाधिकारियों और संवेदकों की मिलीभगत से दुर्भाग्यवश यह अभिशाप बन गया है।उपरोक्त बातें अपने सरकारी आवास पर पत्रकारों को संबोधित करते हुए विधायक डॉ संजीव कुमार ने कही।उन्होंने कहा कि अगुवानी पुल का जो हिस्सा गिरा है,उसके सन्दर्भ में मैंने विभाग के प्रधान सचिव से मिलकर इसकी जानकारी पहले ही दी थी।उसके पूर्व भी विधानसभा सत्र में इस पुल से संबंधित प्रश्न सदन में उठाया था।उपमुख्यमंत्री से कहा था कि इसकी जांच की जाए और इसमें जो कमी है,उसको निकालकर सामने लाया जाए।अन्यथा जब यह पुल बनककर चालू हो जाएगा तो एक बहुत बड़े हादसे का कारण बन सकता है।उस समय उपमुख्यमंत्री ने आश्वस्त किया था कि इसकी कमी को दूर किया जाएगा और गुणवत्ता का भी ख्याल रखा जाएगा।विधायक के मुताबिक,जो पुल का पिलर अभी गिरा है,उसकी गुणवता की जानकारी प्रधान सचिव से मिलकर मैंने पहले ही दी थी।लेकिन उनकी संवेदनहीनता के कारण आज यह घटना घटी है।इसके लिए पुल निर्माण से जुड़ी कंपनी और विभाग के प्रधान सचिव जिम्मेदार हैं।
विधायक डॉक्टर संजीव कुमार ने कहा कि,हम मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री को धन्यवाद देते हैं कि हमारे द्वारा की गई उच्चस्तरीय जांच की मांग पर उन्होंने अपनी सहमति तुरंत दी है।साथ ही उन्होंने कहा कि यह सही है कि इसका कोई आर्थिक नुकसान बिहार सरकार के ऊपर नही पड़ेगा और नुकसान संवेदक को उठाना पड़ेगा,लेकिन समय की जो बर्बादी हुई है,उसकी भरपाई मुश्किल है।विधायक ने यह भी कहा कि इस पुल के निर्माण के दौरान हादसों और दुर्घटनाओं के कारण दो दर्जन लोगों की जान जा चुकी है।यह पुल कंस्ट्रक्शन कंपनी की लापरवाही और अनियमितता की वजह से आज पुनः बिना बारिश और आंधी के ही गिर गया।उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के ड्रीम प्रोजेक्ट में इस तरह की लापरवाही विभाग के लोगों की मिलीभगत से बरती गयी और पुल ताश के पत्तों की तरह गिर गया।इसके लिए जो भी जिम्मेदार हो,उसके विरुद्ध करवाई अवश्य होनी चाहिए।
हालांकि विधायक ने एक बड़ी यह कह दी कि,इस पुल के गिरने की जांच अन्य विभाग के वरीय पदाधिकारी और जज के द्वारा कराई जाय।इतना ही नहीं इस जांच से विभागीय प्रधान सचिव को अलग रखा जाय।विधायक ने कहा कि उनकी यह मांग है कि पुल गिरने मामले की जांचकर जल्द से जल्द दोषियों को चिन्हित कर दंडित किया जाय।इस सम्बंध में जल्द ही मुख्यमंत्री से मिलकर सभी जानकारियों से उनको अवगत कराउंगा और उन्हें बताउंगा कि तीन माह पूर्व जानकारी देने पर भी कोई करवाई नही हुई।मुझे जो लग रहा था कि पिलर कहीं गिर न जाय,अंतत: वही हुआ।
खगड़िया
ताश के पत्तों की तरह सुल्तानगंज-अगुवानी पुल के बिखर जाने को ले आखिर कौन-कौन हैं जिम्मेवार!परबत्ता विधायक डॉक्टर संजीव ने कह दी बहुत बड़ी बात
एसडीएफ न्यूज ब्यूरो पटना/खगड़िया।सुल्तानगंज -अगुवानी पुल का एक हिस्सा का गिरना कोशी क्षेत्र के लाखों लोगों का सपना टूटने के समान है।यह पुल कोशी क्षेत्र के लोगों के लिए वरदान साबित होता,लेकिन विभाग के वरीय पदाधिकारियों और संवेदकों की मिलीभगत से दुर्भाग्यवश यह अभिशाप बन गया है।उपरोक्त बातें अपने सरकारी आवास पर पत्रकारों को संबोधित करते हुए विधायक डॉ संजीव कुमा


पटना/खगड़िया।सुल्तानगंज -अगुवानी पुल का एक हिस्सा का गिरना कोशी क्षेत्र के लाखों लोगों का सपना टूटने के समान है।यह पुल कोशी क्षेत्र के लोगों के लिए वरदान साबित होता,लेकिन विभाग के वरीय पदाधिकारियों और संवेदकों की मिलीभगत से दुर्भाग्यवश यह अभिशाप बन गया है।उपरोक्त बातें अपने सरकारी आवास पर पत्रकारों को संबोधित करते हुए विधायक डॉ संजीव कुमार ने कही।उन्होंने कहा कि अगुवानी पुल का जो हिस्सा गिरा है,उसके सन्दर्भ में मैंने विभाग के प्रधान सचिव से मिलकर इसकी जानकारी पहले ही दी थी।उसके पूर्व भी विधानसभा सत्र में इस पुल से संबंधित प्रश्न सदन में उठाया था।उपमुख्यमंत्री से कहा था कि इसकी जांच की जाए और इसमें जो कमी है,उसको निकालकर सामने लाया जाए।अन्यथा जब यह पुल बनककर चालू हो जाएगा तो एक बहुत बड़े हादसे का कारण बन सकता है।उस समय उपमुख्यमंत्री ने आश्वस्त किया था कि इसकी कमी को दूर किया जाएगा और गुणवत्ता का भी ख्याल रखा जाएगा।विधायक के मुताबिक,जो पुल का पिलर अभी गिरा है,उसकी गुणवता की जानकारी प्रधान सचिव से मिलकर मैंने पहले ही दी थी।लेकिन उनकी संवेदनहीनता के कारण आज यह घटना घटी है।इसके लिए पुल निर्माण से जुड़ी कंपनी और विभाग के प्रधान सचिव जिम्मेदार हैं।
हालांकि विधायक ने एक बड़ी यह कह दी कि,इस पुल के गिरने की जांच अन्य विभाग के वरीय पदाधिकारी और जज के द्वारा कराई जाय।इतना ही नहीं इस जांच से विभागीय प्रधान सचिव को अलग रखा जाय।विधायक ने कहा कि उनकी यह मांग है कि पुल गिरने मामले की जांचकर जल्द से जल्द दोषियों को चिन्हित कर दंडित किया जाय।इस सम्बंध में जल्द ही मुख्यमंत्री से मिलकर सभी जानकारियों से उनको अवगत कराउंगा और उन्हें बताउंगा कि तीन माह पूर्व जानकारी देने पर भी कोई करवाई नही हुई।मुझे जो लग रहा था कि पिलर कहीं गिर न जाय,अंतत: वही हुआ।
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